छत्तीसगढ़ की एक घुमंतू जाति *देवार* द्वारा गाए जाने वाला गीत


             // देवारगीत //
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रामे रामे रामे रामे... जी... हरि...
सुन देवारिन... रामे..रामे..जी...हरि...।

सुनि लेबे मोर बात देवारिन ,
गउकिन ये नो हे लबारी ।
कोरोना ले फइले देवारिन ,
जग मा कोविड महामारी ।
सुनत हस...देवारिन...?
हाव..मोर राज्जा...।
रामे रामे...।

सरदी-खाँँसी येकर लक्छन देवारिन ,
आवय जाड़ बुखार ।
डाकटर बैग्यानिक घलो देवारिन ,
बइद-गुनिया नइ पावय पार ।
बने सुनत हस नइ... देवारिन...?
हाव...मोर...छैला...।
रामे रामे...।

येकर ले बाँचे बर देवारिन ,
मुँह मा मास्क लगाय बर परथे ।
सोसल डिस्टेंसी ले काम बने देवारिन ,
साबुन मा हाथ धोय बर परथे ।
येकर धियान रखबे... देवारिन...?
हाव...मोर...बलमा...।
रामे रामे....।
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@ टीकेश्वर सिन्हा " गब्दीवाला "
    घोटिया - बालोद ( छ.ग. )

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